Section 81 of The Jharkhand State University Act, 2026 — आंतरिक शिकायत समिति
Bare section text
Official Legislative Text
- (1)कार्यस्थल पर महिलाओं का लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम, 2013 एवं विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के तत्संबंधी विनियमों के प्रावधानों के अनुरूप प्रत्येक विश्वविद्यालय में एक आंतरिक शिकायत समिति का गठन किया जाएगा।
- (2)आंतरिक शिकायत समिति की संरचना निम्नलिखित रूप में होगी: (क) विश्वविद्यालय में कार्यरत महिला प्राध्यापकों में से कुलपति द्वारा नामित एक वरिष्ठ महिला संकाय सदस्य - पीठासीन अधिकारी; (ख) शिक्षकों में से कुलपति द्वारा नामित दो संकाय सदस्य, जो महिलाओं के मुद्दों के प्रति प्रतिबद्ध हों - सदस्य; (ग) विश्वविद्यालय के शिक्षकेत्तर कर्मचारियों में से कुलपति द्वारा नामित दो कर्मचारी - सदस्य; (घ) नियमित नामांकित विद्यार्थियों में से तीन छात्र प्रतिनिधि (जिनमें कम से कम दो छात्राएं होंगी), जिनका चयन योग्यता के आधार पर किया जाएगा, यदि मामला विद्यार्थियों से संबंधित हो - सदस्य; तथा (ङ) महिलाओं के अधिकारों एवं कल्याण हेतु कार्यरत किसी गैर-सरकारी संगठन अथवा संस्था से कुलपति द्वारा नामित एक बाह्य सदस्य - सदस्य: Provided that समिति के कुल सदस्यों में से कम से कम आधे सदस्य महिलाएं होंगी।
- (3)पीठासीन अधिकारी तथा समिति के सदस्यों का कार्यकाल उनके पदग्रहण की तिथि से तीन वर्ष की अवधि के लिए होगा।
- (4)आंतरिक शिकायत समिति कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न से संबंधित समस्त शिकायतों की निष्पक्ष जांच करेगी और विहित समय-सीमा के भीतर अपनी जांच रिपोर्ट एवं अनुशंसाएं कुलपति/सिंडिकेट को प्रस्तुत करेगी।
- (5)समिति लैंगिक संवेदीकरण, कार्यशालाओं और जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से एक सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण शैक्षणिक तथा कार्य वातावरण का निर्माण सुनिश्चित करेगी।