PROVISIONS AS TO ACCUSED PERSONS OF UNSOUND MINDCentral
Section 336 of The Code of Criminal Procedure, 1973 in hindi
भारसाधक अधिकारी को कृत्यों का निर्वहन करने के लिए सशक्त करने की राज्य सरकार की शक्ति -- राज्य सरकार उस जेल के भारसाधक अधिकारी को, जिसमें कोई व्यक्ति धारा 330 या धारा 335 के उपबंधों के अधीन परिरुद्ध है, धारा 337 या धारा 338 के अधीन कारागारों के महानिरीक्षक के सब कृत्यों को या उनमें से किसी का निर्वहन करने के लिए सशक्त कर सकती है।
335PreviousSection 335 ऐसे आधार पर दोषमुक्त किए गए व्यक्ति का सुरक्षित अभिरक्षा में निरुद्ध किया जाना --337NextSection 337 337 - जहाँ यह रिपोर्ट की जाती है कि पागल बंदी अपनी प्रतिरक्षा करने में समर्थ है वहाँ प्रक्रिया -- यदि ऐसा व्यक्ति धारा 330 की उपधारा (2) के उपबंधों के अधीन निरुद्ध किया जाता है और, जेल में निरुद्ध व्यक्ति की दशा में कारागारों का महानिरीक्षक या पागलखाने में निरुद्ध व्यक्ति की दशा में उस पागलखाने के परिदर्शक या उनमें से कोई दो प्रमाणित करें, कि उसकी या उनकी राय में वह व्यक्ति अपनी प्रतिरक्षा करने में समर्थ है तो वह, यथास्थिति, मजिस्ट्रेट या न्यायालय के समक्ष उस समय, जिसे वह मजिस्ट्रेट या न्यायालय नियत करे, लाया जाएगा और वह मजिस्ट्रेट या न्यायालय उस व्यक्ति के बारे में धारा 332 के उपबंधों के अधीन कार्यवाही करेगा, और पूर्वोक्त महानिरीक्षक या परिदर्शकों का प्रमाण-पत्र साक्ष्य के तौर पर ग्रहण किया जा सकेगा।