Section 58 of The Uttar Pradesh Fire and Emergency Services Act, 2022 — भवनों या परिसरों को सीलबंद करने की शक्ति
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58-(1) जहाँ धारा 29 के अधीन अग्निशमन अधिकारी से रिपोर्ट प्राप्त होने पर, या स्व-प्रेरणा से महानिदेशक, अग्निशमन तथा आपात सेवा को यह प्रतीत होता हो कि किसी भवन या परिसर की दशा, जीवन या संपत्ति के लिए खतरनाक है वहाँ वह इस अधिनियम के अधीन की गई किसी कार्यवाही पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना आदेश द्वारा ऐसे व्यक्ति से, जिसके कब्जे या अध्यासन में ऐसा भवन या परिसर हो, ऐसे भवन या परिसर से तत्काल हट जाने की अपेक्षा करेगा । (2) यदि उपधारा (1) के अधीन महानिदेशक, अग्निशमन तथा आपात सेवा द्वारा कृत आदेश का अनुपालन नहीं किया जाता है तो महानिदेशक, अग्निशमन सेवा, भवन या परिसर से ऐसे व्यक्तियों को हटाने के लिये क्षेत्रीय अधिकारिता वाले किसी पुलिस अधिकारी को ऐसे व्यक्तियों को भवन या परिसर से हटाने के लिये निदेश दे सकता है और ऐसे अधिकारी को ऐसे निदेशों का अनुपालन करना होगा । (3) यथास्थिति उपधारा (1) या उपधारा (2) के अधीन व्यक्तियों को हटाये जाने के पश्चात् महानिदेशक, अग्निशमन तथा आपात सेवा, भवन या परिसर को सील बंद कर देगा । (4)महानिदेशक, अग्निशमन तथा आपात सेवा द्वारा कृत आदेश के सिवाय कोई व्यक्ति उक्त सील को नहीं हटाएगा । (5) कोई व्यक्ति, जो महानिदेशक, अग्निशमन तथा आपात सेवाओं द्वारा कृत आदेश के अधीन के सिवाय ऐसी मुहर को हटाता है, ऐसी अवधि के कारावास, जो तीन माह तक हो सकता है, से या ऐसे जुर्माना, जो पच्चीस हजार रूपये तक हो सकता है, से या दोनों से दण्डनीय होगा ।